सत्ता के भूखे लोग

सत्ता के भूखे लोग
South Bombay

ऊँची इमारतों पर धूल जम रही है
शायद सत्ता के भूखे लोगों की अस्थियाँ उड़ रही हैं
शहर रो रहा है, शोक मना रहा है
किसी कूचे में बैठे एक बच्चे की
खाली थाली गूँज रही है
हैं सबके लब सिल गए यहाँ पर
एक आख़िरी आवाज़ ज़मीर की उठी है
ऊँची इमारतों पर धूल जम रही है
शायद सत्ता के भूखे लोगों की अस्थियाँ उड़ रही हैं